बुलंदशहर हिंसा : इंस्पेक्टर सुबोध कुमार की मौत,मुख्य आरोपी बजरंग दल का नेता गिरफ्तार

बुलंदशहर : उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर में आज गोकशी को लेकर लोगों  का गुस्सा इतना चरम में पहुंच गया कि गुस्साए लोगों ने कानून हाथ में ले लिया और सड़क पर आ गए. इसके बाद लोगों ने पुलिस चौकी को फूंकने के साथ पुलिस पर भी हमला कर दिया और गाड़ियों में भी आग लगा दी. इस मामले में एक स्पेक्टर ने अपनी जान गवां दी जबकि क्षेत्राधिकारी व  दरोगा सहित करीब आधा दर्जन पुलिसकर्मी घायल हो गए

स्पेक्टर सुबोध कुमार 
भीड़ का रौद्र रूप देखकर वहां पर लोग काफी भयभीत हो गए. पथराव में गंभीर रूप से घायल युवक सुमित पुत्र अमरजीत ने भी दम तोड़ दिया इस घटना की खबर लगते ही मौके पर डीएम व एसपी तथा अन्य वरिष्ठ अफसर पहुंचे.


 एडीजी कानून-व्यवस्था आनंद कुमार ने बताया कि-

संपूर्ण मामले को लेकर मजिस्ट्रेट को जांच के आदेश दिए गए हैं घटना के हर छोटे-बड़े पहलू की बारीकी से जांच के लिए एडीजी जोन मेरठ के नेतृत्व में 4 सदस्य एसआईटी गठित की गई है जो 1 सप्ताह में अपनी रिपोर्ट देगी घटना कि जांच के लिए मौके पर एडीजी इंटेलिजेंस को भेजा गया है 
 उत्तर प्रदेश के जिले में थाना कोतवाली क्षेत्र में गन्ने के खेत में बड़े पैमाने पर ग्रामीणों के साथ हिंदू संगठनों का आक्रोश फूट गया. घटनास्थल पर पहुंची गुस्साई भीड़ ने अवशेषों को ट्रैक्टर ट्राली में भरा और उसके बाद सियाना बुलंदशहर हाईवे स्थित चिरगांव वटी पुलिस चौकी के निकट हाईवे पर जाम लगा दिया.

प्रदर्शन कर रहे लोग आरोपीयों की गिरफ्तारी की मांग करने लगे पुलिस ने जाम खुलवाने का प्रयास किया तो आक्रोशित भीड़ ने पुलिस पर पथराव कर दिया भीड़ ने पुलिस चौकी में घुसकर तोड़फोड़ की और चौकी का सामान बाहर निकाल कर आग के हवाले कर दिया.

 गुस्साई भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने इसके बाद हवा में फायरिंग करनी शुरू कर दी पुलिस की फायरिंग से और आक्रोश फैल गया आक्रोशित भीड़ ने सियाना कोतवाल स्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह पर हमला बोल दिया इसमें उनकी मौत हो गई.

लाठीचार्ज से गुस्साई भीड़ ने चौकी के बाहर खड़े दर्जनों वाहनों में आग लगा दी पथराव की घटना में एक व्यक्ति घायल हुआ है जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है. बिगड़ते हालात को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने तबलीगी ज़मात में शामिल होकर लौट रहे लोगों के वाहनों को रास्ते में रुकवा दिया जिससे सांप्रदायिक बवाल ना हो सके.



स्पेक्टर सुबोध के पुत्र अभिषेक ने कहा कि -


मेरे पिताजी चाहते थे कि मैं एक अच्छा नागरिक बनूँ तथा धर्म के नाम पर हो रही हिंसा को उत्तेजित न करूँ. आज मेरे पिता इस हिंदू मुस्लिम हिंसा में शहीद हो गए. पता नहीं कल किसके पिता इस हिंदू-मुस्लिम विवाद में अपना जीवन खो देंगें.
मुख्य आरोपी बजरंग दल का नेता 

ANI की रिपोर्ट के अनुसार इस हिंसा के बाद पुलिस ने 27 नामजदों तथा 60 अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है. पुलिस ने जो एफआईआर दर्ज कि है उसमे सबसे मुख्य आरोपी बजरंग दल का नेता योगेश राज है.  




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